
बॉम्बे हाई कोर्ट ने नमित मल्होत्रा की रामायण को अंतरिम कॉपीराइट सुरक्षा दी
क्या हुआ?
बॉम्बे हाई कोर्ट ने नमित मल्होत्रा की फिल्म रामायण: राइज ऑफ ए लिजेंड की 5 नवंबर को रिलीज़ से पहले अनधिकृत रिकॉर्डिंग और स्ट्रीमिंग के खिलाफ अंतरिम निषेधाज्ञा जारी की।
मुख्य बिंदु
- कोर्ट ने फिल्म की अनधिकृत रिकॉर्डिंग और स्ट्रीमिंग को रोकने के लिए अंतरिम निषेधाज्ञा दी।
- यह निषेधाज्ञा गॉडपावर मीडिया द्वारा कॉपीराइट उल्लंघन की चिंताओं के कारण मांगी गई थी।
- फिल्म का उत्पादन बजट दोनों भागों के लिए लगभग 4,000 करोड़ है।
- कोर्ट ने पहले की अनधिकृत रिकॉर्डिंग के आधार पर कॉपीराइट उल्लंघन की वास्तविक आशंका को नोट किया।
- गूगल एलएलसी और अन्य मध्यस्थों ने किसी भी आपत्तिजनक लिंक के खिलाफ त्वरित कार्रवाई करने पर सहमति जताई।
- कोर्ट ने 16 दिसंबर 2026 के लिए आगे की सुनवाई निर्धारित की।
मुख्य अंतर्दृष्टि
- यह निषेधाज्ञा फिल्म उद्योग में कॉपीराइट सुरक्षा के बढ़ते महत्व को उजागर करती है।
- कोर्ट की सक्रिय स्थिति भविष्य में कॉपीराइट उल्लंघनों को रोक सकती है।
- फिल्म का महत्वपूर्ण बजट उत्पादन कंपनी के लिए उच्च दांव को दर्शाता है।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
यह निर्णय भारत में फिल्म निर्माताओं के बौद्धिक संपदा अधिकारों की रक्षा में मदद कर सकता है।
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स्रोत
India Today


