
चांदी की कीमतें रिकॉर्ड उच्चतम 3.8 लाख रुपये से घटकर 2 लाख रुपये से नीचे
क्या हुआ?
चांदी की कीमतें जनवरी 2026 के लगभग $117 प्रति औंस के उच्चतम स्तर से 53% से अधिक गिर गई हैं, अब यह $54 से ऊपर कारोबार कर रही है। गिरावट का कारण मध्य पूर्व के तनाव और महंगाई है।
मुख्य बिंदु
- चांदी की कीमतें 29 जनवरी 2026 को 3,79,983 रुपये प्रति किलोग्राम के रिकॉर्ड उच्चतम स्तर पर पहुंच गईं।
- 23 अक्टूबर 2026 तक, चांदी की कीमतें 1,94,170 रुपये प्रति किलोग्राम तक गिर गईं।
- यह गिरावट जनवरी के उच्चतम स्तर से लगभग 49% की कमी को दर्शाती है।
- 2026 में खुदरा चांदी की कीमतों में काफी उतार-चढ़ाव हुआ।
- 26 अक्टूबर 2026 को, घरेलू चांदी की कीमत दिसंबर की डिलीवरी के लिए 1,95,500 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार कर रही थी।
मुख्य अंतर्दृष्टि
- चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव निवेशकों के बीच सतर्क व्यापार रणनीतियों को जन्म दे सकता है।
- उपभोक्ताओं को चांदी के आभूषण और अन्य उत्पादों की खुदरा कीमतों में बदलाव देखने को मिल सकता है।
- चालू भू-राजनीतिक तनाव वस्तु बाजारों को प्रभावित करना जारी रख सकते हैं।
यह क्यों महत्वपूर्ण है
चांदी की कीमतों में इस महत्वपूर्ण गिरावट का उन निवेशकों और उपभोक्ताओं पर प्रभाव पड़ सकता है जो इस कीमती धातु पर निर्भर हैं।
स्रोत
Times Now
